कांग्रेस : भारत का भविष्य

 

 

कांग्रेस के आज के दौर को समझने के लिए यह समझना जरुरी है की क्या कांग्रेस को भाजपा ने हराया है ?या कोई और शक्तियां हैं जो इसके पीछे सक्रिय है और जो भारत के विकास रथ को निष्क्रिय करना चाहती हैं ?,,मुझे ऐसा लगता है की भारत में ६५ साल की स्थिरता से जो प्रशासनिक स्टेगनेशन की स्थिति बानी और इस ठहराव को तोड़ने के लिए कांग्रेस ने सीधे जनता और नागरिकों के सशक्तिकरण की प्रक्रिया शुरू की उसके बदले यह हमला होना ही था?६५ साल की राजनीतिक स्थिरता ने देश के नागरिक को विकासोन्मुख आकांक्षा तो दी किन्तु नौकरशाही को लगा की राजनीतिक प्रणाली नहीं बस्तवीक सत्ता तो वही है और उसने हमेशा राजनीतिक नेतृत्व वो चाहे किसी भी दाल का हो उसे उपहास का पत्र बनाने के लगातार प्रयत्न किये ताकि इस दबाव में वह देश और उसके विकास की योजनाओं का धन लूट सके,, लेकिन जब कांग्रेस ने सुचना के अधिकार, तथा लोक सेवा कानूनों के माध्यम से सीधे जनता को सशक्त करने का अभियान छेड़ा तो उसे यह समझते देर नहीं लगी की अब उसे उत्तरदायी प्रशासन देना पड़ेगा और कांग्रेस ने उसके निर्द्वंद लूटखोरी पर रोक लगा दिया है ,,इसीलिए उसने प्रशासनिक भ्रस्टाचार के खिलाफ उठ रही आवाजों को राजनीतिक नेतृत्व की तरफ मोड़ा और मीडिया तथा अराजक राजनैतिक तत्वों को सशक्त करने में जुट गया!! यसह हमला अनपेक्षित नहीं था किन्तु इसकी पूरी तैयारी न हो सकने से हा इस त्रिकोणीय हमले का सीधा उत्तर नहीं दे सके..!!

लेकिन यह फेज भी समाप्त हो रहा है झूठे वादे झूठे सिद्ध हो गए हैं,, शेरोन की ओढ़ी हुयी खेल दिखाई देने लगी है,, ५६ इंच के सीने स्वयं ही सिकुड़ गए हैं और जो हथियार कांग्रेस ने जनता को दिया था उसकी धार स्वतः पुनः प्रशासन की और मुद गयी है,, कांग्रेस भले हार गयी हो किन्तु नागरिक सशक्त हो गया है और यह सश्क्तिकर अब भम्हास्त्र की तरह अपने लक्ष्य् के संधान की और बढ़ रहा है ,,अगर प्रशासनिक अव्यवस्था,, नियत्रोन्मादी राजसत्ता,, और शोषण वादी इरादे थामे नहीं तो शीघ्र ही इसके परिणाम सामने आएंगे !

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Comments (3) -

Ajay Singh Chauhan
India Ajay Singh Chauhan

भूपेंद्र जी, सुन्दर लेख के लिए बधाई आजादी के बाद से ही कांग्रेस सदैव ऐसी शक्तियों के खिलाफ जो देश की आम जनता के सशक्तिकरण के खिलाफ रहीं हैं लड़ती रही है, चाहे वह जमींदारी प्रथा रही हो, चाहे राज्यों महाराजों के प्रिवीपर्स ख़त्म करने सम्बन्धी निर्णय, चाहे बैंकों के राष्ट्रीयकरण का मामला हो और चाहे आर टी आई जैसा बिल कांग्रेस ने हमेशा आम नागरिक के हक़ में ही संघर्ष करा है और हर बार कांग्रेस को इस तरह की शक्तियों ने अपने बचाव में संगठित होकर अपनी पूरी शक्ति से कांग्रेस पर प्रहार किये हैं पर सफल वो अभी तक नहीं हो पाये हैं आगे भी नहीं होंगे क्योंकि कांग्रेस भारत के आम जान की आत्मा है और एक विचार है जिसे ये शक्तियां कभी परास्त नहीं कर सकतीं हैं.

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bhai sahab aur sb to a6a hai hi but koi link saral ho jay jisse yuva prerit hokar judna chahe to asani se jud sake
mai 6 mah se judna chah raha hu bt aam hone ke karan link ni ban rahi
local leadar party ka ni self dovelped karne par kam karte hai aur mai party ka kam karna chahta hu
plz joind me

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mera name yagyapratap singh
vill. Karuwa post magraura tah. Maihar dist.satna hai aur congress party me ek a6e karykarta kh bhati kary karna chahta hu

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